Apr 2, 2014

तुम्हारे जाने पर

तुम्हारे जाने पर , 
विकल्प नहीं था सिवाय जीने के 
कभी तलाशा ही नहीं था कुछ और !

तुम चली गयी , 
हँसते रहना कहकर , 
आज तक आती है हंसी इस बेकार बात पर !

" तुम भूल जाओगे मुझे एक दिन " 
तुम्हारा ये कहना तो समझ आया था , 
पर इस बात के साथ याद रहती हो तुम अब तक !

तुम्हारा जाना भी ,
किसी गीत को सुनने सरीखा था ,
जो ख़त्म होने पर भी बाकी रह जाता है हमेशा !!

अ-से 

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